💻🤔कंप्यूटर सॉफ्टवेयर क्या है? इसके प्रकार, इतिहास तथा अंतर (सम्पूर्ण जानकारी)

आज आप इस आर्टिकल में Computer Software के बारे में जानेंगे। आप सबसे पहले Computer Software क्या है? ये कितने प्रकार के होते है इनके बारे में जानेंगे। फिर आप Software के जनक और इसके इतिहास के बारे में जानेंगे। 

Computer Software काम कैसे करता है? आप अपने लिए Software कैसे बना सकते है? इसके बारे में भी जानेंगे तथा साथ ही आप Software तथा Hardware में अंतर को भी जानेंगे तो चलिए शुरू करते है। 

Software ग्रुप ऑफ़ लॉजिकल इन्स्ट्रक्शनस से बने होते है, जो Computer को बताते है की इसे काम कैसे करना है। उदहारण के लिए MS Word, VLC Player, Browser इत्यादि।  किसी Software को बनाने के लिए माइक्रोप्रोसेसर या मिक्रोकंट्रोलर जरूरी होता है। फिर इसमें प्रोग्राम करके अलग-अलग एप्लीकेशन के लिए Software को बनाया जाता है। 

क्या आप जानते है? Ada Lovelace द्वारा 19वीं शताब्दी में नियोजित Analytical Engine के लिए एक एल्गोरिथ्म लिखा गया था। यहीं Software का पहला टुकड़ा था। उसने यह दिखाने के लिए सबूत बनाए कि इंजन बर्नौली संख्याओं की गणना कैसे करेगा। सबूतों और एल्गोरिथम के आधार पर, उन्हें पहला Computer प्रोग्रामर माना जाता है। 

Computer Software क्या है?

Computer Software लॉजिकल कमांड्स का एक समूह होता है, जो कम्प्यूटर को दिशा निर्देश देता है की किस तरह काम करना है। Computer Software छोटे-छोटे कई सारे इंस्ट्रक्शन (Machine Codes) से बनाये जाते है। इन इंस्ट्रक्शन को केवल मशीन ही समझता है, क्यूंकि यह Hardware के काफी नजदीक होता है। 

software kya hai photo
Credit: Pixabay.com

Software और Hardware दोनों एक दूसरे के पूरक है, यानी Software के बिना Hardware को सही तरीके से ऑपरेट नहीं किया जाता है, और बिना Hardware को Software का बनाना ही संभव नहीं है। Software और Hardware दोनों मिलकर एक ऐसा Computer का निर्माण करते है। 

जो प्रोग्रामेबल होता है यानी, हम जो भी जैसे भी Computer से काम करना चाहते है, हमारा Computer वैसा ही काम करता है। Computer सोफ्टवारे एक जेनेरिक नाम है, मतलब इस नाम को हम स्क्रिप्ट (Script), (एप्लीकेशन) Application, प्रोग्राम्स (Program) इत्यादि भी कहते है, जो की माइक्रोप्रोसेसर या माइक्रो-कंट्रोलर आधारित डिवाइस पर रन होते है। 

एक अच्छा (अधिक ग्राफ़िक्स वाला) Computer Software को बनाने के लिए एक पॉवरफुल Hardware की भी जरूरत पड़ती है, अर्थात सिर्फ अकेला Software ही किसी भी प्रकार के Software को बनाने के लिए काफी नहीं है। एक Software डिज़ाइन करने वाला (Software Designers) को Hardware के बारे में भी जानकरी रखना आवश्यक होता है, क्यूंकि किसी एक तरह के Software को सभी Hardware पर नहीं चलाया जा सकता है। 

उदहारण के लिए: Windows Based Computer Software को MAC या फिर Linux Based System पर नहीं चलाया जा सकता है। इसके अलावा में मोबाइल अप्प्स को Computer में नहीं चलाया जा सकता है, और न ही Computer Software को मोबाइल में जब तक किसी थर्ड पार्टी टूल्स की मदद ली जाए। 

एक अच्छा Software डिज़ाइनर को Computer Hardware आर्किटेक्चर (Hardware Architecture) के बारे में भी ज्ञान रहता है, क्यूंकि Computer आर्किटेक्चर ही हमें बताता है, की इस System पर कौन से Software, किस प्रकार रन होंगे। अभी तक आपने Computer Software क्या है इसके बारे में जाना, चलीये अब Computer Software के प्रकार को समझते है। 


Computer Software काम कैसे करता है?

जैसे की आप जानते है, की Computer को जब इनस्टॉल किया जाता है, तब यह Computer’s Storage (such as a hard drive, memory, or RAM) में स्टोर होता है। 

एक बार जब Software लोड हो जाने के बाद, यह Computer Software को Execute करने में सक्षम होता है। क्यूंकि कंप्यूटर, प्रोग्राम को Execute (चलाकर) करके ही कंप्यूटर संचालित होते हैं। तो इसके लिए यह कुछ स्टेप्स को फॉलो करता है जो निचे दिया गया है। 

सबसे पहले जब यूजर Software Icon पर क्लिक कर ओपन करता है, तो यह इंस्ट्रक्शन या कमांड सबसे पहले Application software से System software तक जाता है, System software इस कमांड को समझकर आगे हार्डवेयर तक भेजता है, जंहा पर मशीन कोड के रूप में दिए गए कमांड को रिसीव कर आगे पोर्सेस किया जाता है। 

इसी तरह इसके विपरीत हार्डवेयर मशीन कोड में इंस्ट्रक्शन को भेजता है, जिसे अंत में Application software के दुवारा Human Language में इंस्ट्रक्शन को समझा जाता है। यहीं प्रक्रिया बार-बार होती रहती है। सभी प्रोसेस में प्रत्येक निर्देश कंप्यूटर को एक ऑपरेशन करने का कारण बनता है। जो की गणितीय रूप में होता है।

 


Computer Software कितने प्रकार के होते?

Computer Software मुखल रूप से दो प्रकार के होते है। पहला: System Software (System Software) तथा दूसरा: एप्लीकेशन Software (Application Software) लेकिन वास्तव में देखा जाए तो अभी के समय में Software अनेकों प्रकार के मिल जाते है। सभी के बारे में समझा पाना को मुमकिन नहीं है। इसलिए बेहतर होगा की हम Software को उनके कार्य के आधार पर अलग-अलग भाग में बाँट दे, और फिर उसके अनुसार उनका नाम दें। 

दो प्रकार के Computer Software 

  1. System Software और 
  2. Application Software

1. System Software:

वैसे Software जो किसी System (Hardware) के लिए बनाने जाते है उन्हें System Softwares कहते है। System Software का सबसे अच्छा उदहारण है, Operating Softwares (OS) (Linux, Windows, Ubuntu, Debian, Fedora, Android, iOS, MAC etc), Utility Softwares (Disk Cleanup, Encryption, Registry cleaner etc). 

इस प्रकार के Software Hardware के बहुत नजदीक होते है, इन्हे बनाना बहुत कठिन होता है क्यूंकि इसके लिए हमें: Machine Language या Assembly Language का इस्तेमाल करना पड़ता है जो बहुत काम्प्लेक्स होते है। System Softwares के भी कई प्रकार है, जैसे:

  1. Device Drivers: उदहारण के लिए BIOS Driver, Motherboard Drivers, Display Drivers, ROM Drivers, Printer Drivers, USB Drivers, Sound Card Driver इत्यादि। 
  2. Embedded Software: उदहारण के लिए Washing machines, Microwave, ATMs, Digital cameras, Medical devices इत्यादि में इश्तेमाल किये जाने वाले Software सभी Embedded Softwares कहलाते है। 
  3. Utility Software: उदहारण के लिए Disk Cleanup, Encryption, Registry cleaner इत्यादि। 
  4. Translation or Programming Software: उदहारण के लिए Assembly Languages, Compiler, Interpreter इत्यादि। 

2. Application Software

वैसे Software जो किसी खाश Purpose (उद्देश्य) के लिए बनाने जाते है उन्हें Application Software कहते है। Application Software का सबसे अच्छा उदहारण है, Audio-Video Player, Word Processor या Word Processor, Video Editor, Photos editor इत्यादि। 

इस प्रकार के Software Users के बहुत नजदीक होते है, इन्हे बनाना बहुत कठिन नहीं होता है क्यूंकि इसके लिए हमें: High Level Language का इस्तेमाल करना पड़ता है जो बहुत आसान होते है। आजकल तो ऐसे भी टूल्स मिलते है, जिसका इस्तेमाल से आप बिना कोडन किये यानी ड्रैग एंड ड्राप से अपने लिए एक Software बना सकते है। 

Application Software के भी कई प्रकार है, जिनके बारे में निचे दिए गए है।

  1. Internet Browsers: उदहारण के लिए Google Chrome, Firefox, Opera etc.
  2. Database Software: उदहारण के लिए Mysql, DBase, Foxpro etc.
  3. Video Player: VLC Player, MX Player
  4. Audio Player: Groove Music, Music Player etc.
  5. Special Purpose Software: उदहारण के लिए CAD, CAM और CAE इत्यादि। 

अन्य प्रकार के Software के बारे में

निचे वैसे Software के बारे में समझाया गया है, जिसे आपने अक्सर सुना होगा तथा इसके बारे में आप और अधिक जानना चाहते है। तो चलिए शुरू करते है।

1. Programming Software या Language Processor क्या है?

जैसे की आप जानते है, की System Software, Human Language को Machine Language में कन्वर्ट करता है। तो कन्वर्ट करने का यह कार्य Language

Processor के दुवारा किया जाता है। उदहारण  लिए, C, C++, JAVA, Python इत्यादि। Human Language को High Level Language तथा Machine Language को Low Level Language भी कहा जाता है। 

Language Processor को Translator भी कहा जाता है, क्यूंकि यह दो अलग-अलग भाषाओं को कन्वर्ट करता है। Translator दो प्रकार का होता है। पहला: Compiler और दूसरा: Interpreter यँहा दोनों का कार्य एक ही होता है, Human Language को Machine Language में बदलना और इसके विपरीत भी यह संभव है। 

जब यह दोनों का कार्य एक ही है तो फिर अंतर क्या है?

हां दोनों लगभग एक ही  इनमे Compilation का फर्क है। Compiler हमेशा Source Codes को एक बार में स्कैन या वेरीफाई करके Compile यानि कन्वर्ट करता है। जिससे अगर किसी भी लाइन्स में कोडिंग एरर है, तो वह बिना Compile हुए मालूम हो जाता है। 

जबकि Interpreter Line by Line, Compile करता है यानी की पूरे Source Codes को एक बार में स्कैन करने के बजाये सिर्फ एक-एक लाइन को स्कैन करते हुए, Compile करता है। इससे सबसे बड़ा फायदा यह है, की पूरे सोर्स कोड गलती को ढूंढना नहीं पड़ता है, जितने लाइन्स का Codes सही है, उतना Compile हो जाता है। 

2. Driver Software या Device Driver क्या है?

Driver Software या Device Driver किसी खाश डिवाइस को सही तरीके से ऑपरेट और कण्ट्रोल करने के लिए बनाया जाता है। USB Controller, Network Adaptor, Disk Drive इत्यादि Device Driver का अच्छा उदाहरण है। उदहारण के लिए, Printer को ऑपरेट करने क लिए अलग-अलग कंपनी अपना ड्राइवर बनाती है, जिसको लैपटॉप में इनस्टॉल करना होता है, फिर उससे हम प्रिंटिंग या स्कैनिंग करते है। 

driver software kya hai

उसी तरह, लैपटॉप या Computer में फेरिफेरल डिवाइस जैसे: हार्ड डिस्क, डिस्प्ले, साउंड कार्ड, नेटवर्क कार्ड इत्यादि। को अच्छे से चलने और कण्ट्रोल करने के लिए ड्राइव इंस्टॉल किये जाते है। आपने भी यह नोटिस किया होगा की जब आप अपने लैपटॉप डिस्प्ले का ब्राइटनेस को कण्ट्रोल नहीं कर पाते है, तो उसके आप डिस्प्ले ड्राइवर को अपडेट या इंसटाल करते ही आपका यह प्रॉब्लम सोल्व हो जाता है। 

जब भी आप बाहर या अंदर से किसी भी प्रकार के डिवाइस को जोड़ते है, तो दोनों के बिच कम्युनिकेशन तभी पूरा होता है, जब आपके ऑपरेटिंग System में उसका ड्राइवर इंसटाल हो। ड्राइवर इनस्टॉल होने के बाद ऑपरेटिंग System समझ जाता है, की उसे अब किस डिवाइस को कैसे ऑपरेट तथा कण्ट्रोल करना है। 

किसी-किसी डिवाइस जैसे: HeadPhone, Musical Keyboard, Gaming Device, DVD Player इत्यादि के लिए डायरेक्ट प्रोग्राम बना दया जाता है, और यह बिना ऑपरेटिंग System के सहयता से अकेला कार्य करते है। 

3. Open Source Software क्या होता है?

ओपन-सोर्स एक प्रकार का फ्री Computer Software है जो एक Free to Use लाइसेंस के तहत जारी किया जाता है जिसमें कॉपीराइट करने वाले यानी जिसने Software बनाया है, वह उपयोगकर्ताओं को किसी भी उद्देश्य के लिए Software इश्तेमाल करने का परमिशन देता है। तथा उसके स्रोत कोड (Source Code) का उपयोग, अध्ययन, परिवर्तन (Modify) और वितरित (Share) करने का अधिकार भी देता है।

ओपन सोर्स Software आप भी बना सकते है, और उसे Internet पर मौजूदा प्रोग्रामर्स या यूजर को शेयर भी कर सकते है। आपको इंटरनेट पर सभी टॉपिक्स पर अच्छे-अच्छे ओपन सोर्स Software मिल जाते है, जिन्हे आप बेझिझक इश्तेमाल कर सकते है। उदहारण के लिए: Audacity, Open CAM, Python, इत्यादि।  

4. Middleware Software क्या है?

जैसे की इसके नाम से लग रहा है, मिडलवेयर Software एप्लिकेशन Software और System सॉफ़्टवेयर के बीच इस्तेमाल होता है। उदाहरण के लिए यह Microsoft Windows को Excel and Word के साथ कम्युनिकेशन करने के योग्य बनता है। 

यह दो अलग-अलग प्रकार के एप्लिकेशन सॉफ़्टवेयर के बीच कम्युनिकेशन स्थापित करने का कार्य भी करता है।

5. Application Software किसे कहते हैं?

एप्लीकेशन Software सभी Software के बिच एक कॉमन Software होता है, जिसका इस्तेमाल लगभग सभी यूजर करते है। अपने लैपटॉप में गाना मूवी देखने से लेकर मोबाइल फोन में म्यूजिक सुनने से लेकर सभी कार्य आप एप्लीकेशन सॉफ्टवेर में करते है। 

एप्लीकेशन Software किसी खाश काम को करने के लिए बनाया जाता है, इस प्रकार के Software को किसी न किसी कार्य के लिए अप्लाई (इस्तेमाल) किया जाता है, तभी तो एप्लीकेशन Software कहलाता है। निचे एप्लीकेशन Software का उदहारण  दिया गया है। 

  1. Web Browsers: Google Chrome, Microsoft Edge, Opera etc.
  2. Presentation Software: MS Powerpoint, Google Slides etc.
  3. Graphic Software: Canva, Adobe Illustrator, MS Paint etc.
  4. Word Processors: MS Word, Google Docs, Notepad etc.
  5. Database Software: MY SQL, Mongo DB etc.
  6. Multimedia Software: MX Player, Groove Music Player, YouTube, Spotify, Hungama etc
  7. Education Software: MS Excel, MATLAB, Python, NX CAD etc.

6. मोबाइल Software या App क्या है?

जैसा की इसके नाम से लग रहा है इस प्रकार के Software को सिर्फ मोबाइल या स्मार्ट फ़ोन Device के लिए बनाया जाता है। इन्हें सॉर्ट में Apps के नाम से भी जानते है। 

मोबाइल और Computer का Hardware डिज़ाइन दोनों अलग-अलग होने के कारण एक ही Software को दोनों डिवाइस पर नहीं चलाया जा सकता है, जब तक की कोई थर्ड पार्टी टूल का इस्तेमाल किया जा सके। इसलिए मोबाइल और Computer दोनों के लिए अलग-अलग Software बनाये जाते है।

7. System Software किसे कहते हैं?

जैसे की इसके नाम से ही लग रहा है की वैसे Software जो किसी भी System के लिए बनाये जाते है उन्हें System Software कहते है। यहाँ System का मतलब एक Computer, Mobile या अन्य डिवाइस है। जो किसी काम को अकेला कर सकते है, बिना दूसरे पर निर्भर होकर। इसका सबसे अच्छा उदहारण OS (ऑपरेटिंग System) है 

System Software का मुख्य कार्य Hardware और Software के बिच समन्वय स्थापित करना है। इसके अलावा, यह Computer Hardware की गतिविधियों और कार्यों को नियंत्रित, करता है और अन्य सभी प्रकार के सॉफ़्टवेयर को काम करने के लिए एक Environment या Platform प्रदान करता है। 

यह Hardware और एप्लीकेशन Software के बिच रहता है, इसके सोर्स कोड को आसानी से मॉडिफाई नहीं क्या जा सकता है। तथा इस प्रकार के Software को आपके Computer से रिमूव करना बहुत रिस्की होता है, क्यूंकि जब आप System Software को ही रिमूव क्र देते है तो फिर आप System किसी काम का नहीं होता, कभी-कभी तो यह Hardware को क्रैश भी कर सकता है।


System Software और Application Software में अंतर

FactorsSystem SoftwareApplication Software
Programming Languageइसे Low Level language में लिखा गया है। इसे High Level language में लिखा गया है। 
GUI Interfaceयह यूजर के लिए Less Interactive होता है। यह यूजर के लिए More Interactive होता है। (ज्यादा ग्रफिक्स और सुंदर)
RoleSystem के प्रभावी कामकाज के लिए System Software महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।यह यूजर के प्रभावी कार्य के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
Dependencyइसको चलाने के लिए एप्लिकेशन सॉफ़्टवेयर इस्तेमाल नहीं करना पड़ता है। यह अकेला स्वतंत्र है। इसको चलाने के लिए System सॉफ़्टवेयर का इस्तेमाल करना पड़ता है। क्यूंकि यह System सॉफ़्टवेयर पर निर्भर है।
Objectiveइसे Computer System के Resources जैसे: Memory, HDD और Process  को Manage करने क लिए लिए बनाया गया है। तथा इसके अलावा यह Users के लिए App. Software Design करने का Platform भी प्रदान करता है। इसे उपयोगकर्ता की आवश्यकताओं को पूरा करने के  लिए बनाया गया है। जिससे वह अपने विशिष्ट कार्यों को आसानी से कर सके। 
Importanceयह कम्प्यूटर या दूसरे System को अच्छे से ऑपरेट होने के लिए बहुत जरूरी है। इसका क्रैश होने से Hardware पर भी पड़ सकता है। यह कम्प्यूटर को अच्छे से ऑपरेट होने के लिए जरूरी नहीं है, इसके बिना भी Computer ऑपरेट हो सकता है। 
User InteractionUsers कभी भी System सॉफ़्टवेयर के साथ Interact नहीं करते क्योंकि यह Background में कार्य करता है। 
Users विशिष्ट एप्लिकेशन का उपयोग करते समय एप्लिकेशन सॉफ़्टवेयर के साथ Interact करते हैं।
Real ExampleDevice Driver, Compiler, OS (Windows, Linux, Ubuntu), Android, iOS, etc.Multimedia Player, Photoshop, MS Word etc

Software का इतिहास जानें

जैसे की आप सभी को पता है, की जब Computer नहीं थे तब Software भी नहीं थे लेकिन उस समय भी गणितीय गणना करने के लिए लोगों में बहुत उत्सुकता थी, सभी कोई खुद से गणितीय गणना को हल करने में माहिर नहीं थे। Computer क्या है? इसका खोज कैसे हुवा इतिहास जानें। 

तो इस उदेश्य के साथ मैकेनिकल मशीनों के दुवारा Computing करने का प्रयास किया जाता था। जिसका बड़ा उदहारण Charles Babbage  ( 1791 – 1871) (कम्प्यूटर के पिता) के दुवारा बनाया गया Difference Engine & Analytical Engine जो एक मैकेनिकल Computer था कंप्यूटिंग के लिए जाना जाता है। 

लेकिन ये उतना अधिक फ़ास्ट नहीं थे जितना की अभी के Computer है, इसलिए Charles Babbage के Digital Programmable Computer के कांसेप्ट पर निरंतर कार्य किया गया तथा एक-एक प्रतिभाशाली लोगों ने Computer Software को बनाने में कामयाबी हासिल की। 

अर्धचालक के खोज होने के बाद बेहतर इलेक्ट्रॉनिक्स सर्किट को बनाना संभव हुवा उसके साथ साथ ही Programming Language को निरंतर अपडेट किया जाने लगा। निचे इतिहास पर एक नजर डालिये। 

  • Early 1950s: General Motors ने पहली बार OS क्रिएट किया, IBM 701 इलेक्ट्रॉनिक डाटा प्रोसेसिंग मशीन के लिए। इसे जनरल मोटर्स ऑपरेटिंग System या GM OS कहा जाता है। 
  • 1958: Statistician, John Tukey ने Computer प्रोग्रामिंग के बारे में एक लेख में Software शब्द का इस्तेमाल किया।
  • 1980 और 1990 के दशक में Floppy Disks उपलब्ध होने बाद Software वितरित करने के लिए उपयोग इसे इस्तेमाल किया जाने लगा। 
  • 1971 में AT&T ने Unix OS का पहला संस्करण (Version) जारी किया।
  • 1977 में Apple ने Apple II रिलीज़ किया। 
  • 1981 में  Microsoft ने MS-DOS, OS जारी किया जिस पर कई प्रारंभिक IBM Computer चलते थे। 
  • 1984 में Mac OS iरिलीज़ हुवा जो Apple’s Macintosh line पर रन होता था। 
  • 1980 के दशक के मध्य में Auto Desk कंपनी की AutoCAD Software, Microsoft Word और Microsoft Excel सहित प्रमुख सॉफ़्टवेयर एप्लिकेशन जारी किए गए थे। 
  • 1985 Microsoft Windows 1.0 को रिलीज़ किया गया था। 
  • 1991 में  Linux kernel, जारी किया गया, जो की Linux OS(Open Source) का आधार था। 
  • 2000 Software as a Service (SaaS) का नाम सामने आया। 

Software कैसे बनाया जाता है?

किसी भी Software को Programming Language के मदद से बनाया जाता है। Programming Language एक Software का प्रकार होता है जो Human Language को Machine Language में कन्वर्ट करता है, इसके उल्टा भी सत्य है। सरल भाषा में यह RAW Code को समझने योग्य भाषा और विसुअल में कन्वर्ट करते है, जिन्हे Build कहते है। 

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जिन्हे Programming Language का ज्ञान होता है, उन्हें Programmers कहते है, तथा जो Software डेवलपमेंट की पूरी स्टेप्स शुरू से अंत तक पूरा करते है उन्हें Software Developers कहते है। Programmers तथा Software Developers कुछ हद तक दोनों का कार्य एक ही होता है। 

ऊपर मैंने आपको एक बेसिक जानकारी दिया है, हालाँकि Industry में एक Useful Software बनाने के लिए बहुत सारे Stages और प्रोसेस से गुजरना होता है, तब जाकर Users के लिए एक बढ़िया प्रोडक्ट बनता है। इन स्टेप्स को SDLC Cycle कहते है। इसके बारे में आप विस्तार से Next आर्टिकल में जानेंगे। 

SDLC (Software Development Life Cycle) क्या होता है। 

SDL Cycle Software विकसित करने की प्रक्रिया को दर्शाता है। SDLC Cycle में निम्नलिखित चरण शामिल हैं:

Software Dev Life Cycle
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Stage1: Planning and requirement analysis

Stage2: Defining Requirements

Stage3: Designing the Software

Stage4: Developing the project

Stage5: Testing

Stage6: Deployment तथा

Stage7: Maintenance & Monitoring


Software और Hardware में क्या अंतर है?

Software और Hardware में बहुत बड़ा अंतर है, आप निचे टेबल में देखिये। 

SoftwareHardware
1.यह भौतिक भाग नहीं होता है, इसे अपने इन्द्रियों के दुवारा नहीं छुवा जा सकता है। Hardware Computer का एक भौतिक भाग है। जो डेटा के प्रोसेसिंग करता है। इसे Computing Unit भी कहा जाता है। 
2.यह सेट ऑफ़ कमांड्स होता है, जो Computer को कैसे कार्य करना है इसके बारे में बताता है। Hardware Software दुवारा दिए गए कमांड के अनुसार अपना कार्य करता है। 
3.Hardware के बिना Software का कोई Existence नहीं है।
Software के बिना Hardware कोई भी कार्य नहीं कर सकता है।
4.यदि सॉफ़्टवेयर क्षतिग्रस्त (Virus Affected) हो जाए तो इसकी बैकअप Copy को फिर से Install किया जा सकता है। जबकि यदि Hardware क्षतिग्रस्त है, तो इसे एक नए के साथ बदलना पड़ता है।
5.Software Computer वायरस से प्रभावित होता है।जबकि Hardware Computer वायरस से प्रभावित नहीं होता है।
6.इसका उदहारण है: System Software (Windows, Android), Application Software (Youtube, Google)इसका उदहारण है: Keyboard, Mouse, Monitor, Printer, CPU, Hard disk, RAM, ROM etc.

Computer Software से सम्बंधित आपके सवालों के जवाब

1. Software और प्रोग्राम में क्या अंतर है ?

Software और प्रोग्राम में कोई खाश अंतर नहीं है, हां कुछ हद तक इनमे अंतर है , जैसे Software का मतलब होता है, एक Complete Developed Product जो अब किसी खाश कार्य को कर सकता है। 
जबकि प्रोग्राम Software का ही बेसिक भाग होता है, यह सेट ऑफ़ इंस्ट्रक्शन होता है, जइसका इस्तेमाल एक Software को बनाने के लिए किया जाता है। 

2. Computer Software कितने प्रकार के होते है, दो प्रकार के Software का नाम बताये ?

Computer Software अनेकों प्रकार के होते है, सभी का अपना अलग-अलग उपयोग है। दो प्रकार के Software का नाम है: 1. System Software तथा 2. Application Software.

3. Computer Software और Hardware में क्या अंतर है?

Computer Software और Hardware बड़ा अंतर:
Hardware Computer का एक भौतिक भाग है। जो डेटा के प्रोसेसिंग करता है। इसका उदहारण है: Keyboard, Mouse, Monitor, Printer, CPU, Hard disk इत्यादि। जबकि Software, भौतिक भाग नहीं होता है, इसे अपने इन्द्रियों के दुवारा नहीं छुवा जा सकता है। इसका उदहारण है System Software (Windows, Android), Application Software (Youtube, Google).

4. पांच प्रकार के Software के नाम बतायें। 

पांच प्रकार के Software के नाम निचे दिए गए है। 
1. Language Processor
2. System Software
3. Application Software 
4. Device Driver 
5. Open Source Software 

5. System Software और एप्लीकेशन Software में क्या अंतर है?

इसे Low Level language में लिखा गया है। यह यूजर के लिए Less Interactive होता है। जबकि एप्लीकेशन Software को High Level language में लिखा गया है। यह यूजर के लिए More Interactive होता है यानि  (ज्यादा ग्रफिक्स और सुंदर)

6. क्या मैं फ्री Software डाउनलोड कर सकता हूँ?

जी हां आप बिलकुल फ्री में, ओपन सोर्स Software को डाउनलोड कर सकते है। और उसका इस्तेमाल Commercially (वीडियो तथा ऑडियो प्रोडक्शन) के लिए भी कर सकते है। 

7. Driver Software या Device Driver क्या होता है?

Driver Software या Device Driver किसी खाश डिवाइस को सही तरीके से ऑपरेट और कण्ट्रोल करने के लिए बनाया जाता है। USB Controller, Network Adaptor, Disk Drive इत्यादि Device Driver का अच्छा उदाहरण है। 

8. पहली बार Computer प्रोग्राम कब बनाया था? उसका नाम क्या है?

Ada Lovelace द्वारा 19वीं शताब्दी में नियोजित Analytical Engine के लिए एक एल्गोरिथ्म लिखा गया था। यहीं Software का पहला टुकड़ा था। उसने यह दिखाने के लिए सबूत बनाए कि इंजन बर्नौली संख्याओं की गणना कैसे करेगा। सबूतों और एल्गोरिथम के आधार पर, उन्हें पहला Computer प्रोग्रामर माना जाता है। 

निष्कर्ष:

आज आपने इस आर्टिकल  की Computer Software के बारे में जाना। आपने एक-एक करके बहुत सारे टॉपिक के बारे में जाना जैसे की: Computer Software क्या है? Computer Software लॉजिकल कमांड्स का एक समूह होता है, जो कम्प्यूटर को दिशा निर्देश देता है। Computer Software काम कैसे करता है? इसके बारे में भी जाना फिर आपने, Computer Software कितने प्रकार के होते है जाना।

Computer Software मुख्य रूप से दो प्रकार के होते है। पहला: System Software (System Software) तथा दूसरा: एप्लीकेशन Software (Application Software) फिर आपने System Software और Application Software में अंतर को जाना की वैसे Software जो किसी System (Hardware) के लिए बनाने जाते है उन्हें System Softwares कहते है। वैसे Software जो किसी खाश Purpose (उद्देश्य) के लिए बनाने जाते है उन्हें Application Software कहते है। 

फिर आपने Software का इतिहास के बारे में एक नजर डाला इसके साथ ही Software बनाने का बेसिक जानकारी हासिल किया किसी भी Software को Programming Language के मदद से बनाया जाता है। Programming Language एक Software का प्रकार होता है जो Human Language को Machine Language में कन्वर्ट करता है,

पुनः आपने SDL Cycle के बारे में जाना। तथा अंत में आपने Software और Hardware में सबसे बड़ा अंतर को जाना की, Hardware Computer का एक भौतिक भाग है। जबकि Software भौतिक भाग नहीं होता है। 

उम्मीद है की Computer Software के बारे में यह आर्टिकल आपको बहुत इन्फोर्मटिव लगी होगी। और हाँ किसी भी प्रकार के सुझाव और शिकायत के लिए निचे कमेंट करें हम आपका रिप्लाई जरूर देंगे।

आपके काम की अन्य पोस्ट:-

मुझे टेक्नोलॉजी के बारे में पढ़ना और लिखना बहुत अच्छा लगता है। इंटरनेट टेक्नोलॉजी के बारे में लोगों के साथ जानकारी शेयर करके मुझे खुशी महसूस होती है। इसके अलावा फोटोग्राफी करना मेरी हॉबी है। मैंने एक इंजीनियर के रूप में शिक्षा ली है और पेशे से अब मैं एक पार्ट-टाइम Professional Blogger हूँ।

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